एन आई एन,
पिथौरागढ़। श्री रामलीला प्रबंधकारिणी समिति की ओर से आयोजित 130वें रामलीला मंचन के पांचवें दिन राम वनगमन, सुमंत विलाप, राजा दशरथ के निधन और भरत-कैकेयी संवाद का भावपूर्ण मंचन किया गया।
लीला में श्रीराम, सीता और लक्ष्मण के वनगमन, पुत्र वियोग में राजा दशरथ के प्राण त्यागने और भरत के कैकेयी के निर्णय पर दुख जताने के प्रसंगों ने दर्शकों को भावुक कर दिया। वहीं शत्रुघ्न-मंथरा संवाद ने भी दर्शकों का ध्यान खींचा। कलाकारों ने शानदार अभिनय से त्याग, प्रेम और पारिवारिक रिश्तों को जीवंत किया।